कान्हा गोशाला गेट पर हंगामा, गोरक्षा परिषद का धरना

उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के सीबीगंज क्षेत्र में स्थित कान्हा गोशाला के बाहर शनिवार को उस समय हंगामा खड़ा हो गया, जब अखिल भारतीय गौ रक्षा परिषद के कार्यकर्ताओं को निरीक्षण के दौरान गेट पर रोक दिया गया।
जानकारी के अनुसार, परिषद के पदाधिकारी और कार्यकर्ता सीबीगंज क्षेत्र की नदौसी, फतेहगंज पश्चिमी और मीरगंज स्थित गोशालाओं के निरीक्षण के लिए पहुंचे थे। संगठन के अध्यक्ष हेमंत गंगवार का कहना है कि उन्होंने पहले ही जिलाधिकारी अविनाश सिंह को लिखित सूचना देकर निरीक्षण कार्यक्रम की जानकारी दे दी थी। इसके बावजूद गोशाला के सुपरवाइजर द्वारा गेट पर रोक दिए जाने से स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
गेट पर कर्मचारियों और कार्यकर्ताओं के बीच नोकझोंक के बाद परिषद के सदस्य अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए। देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण भी मौके पर पहुंच गए और समर्थन में शामिल हो गए।
सूचना मिलते ही प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। इस दौरान सीओ द्वितीय सोनाली मिश्र, इंस्पेक्टर सीबीगंज प्रदीप कुमार चतुर्वेदी समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन ने कार्यकर्ताओं को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे अपनी मांगों पर अड़े रहे।
क्या हैं प्रमुख मांगें?
कार्यकर्ताओं ने गोशाला के सुपरवाइजर विजय और अन्य कर्मचारियों को हटाने, प्रबंधन को हिंदू संगठनों को सौंपने, गोशाला परिसर में मछली और कुत्तों के पालन को बंद कराने की मांग उठाई। साथ ही पूर्व केयरटेकरों की बहाली और बकाया मजदूरी के भुगतान की मांग भी की गई।
इसके अतिरिक्त, नगर निगम की सभी गोशालाओं में गोरक्षक संगठनों, हिंदू संगठनों और मीडिया कर्मियों को बिना रोक-टोक प्रवेश की अनुमति देने की मांग भी शामिल है।
फिलहाल प्रशासन की ओर से वार्ता के प्रयास जारी हैं। देर शाम तक कार्यकर्ता गोशाला के मुख्य गेट पर धरने पर डटे रहे।




