महाशिवरात्रि पर बरेली के नाथ मंदिरों में उमड़ी आस्था

महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर उत्तर प्रदेश के बरेली में स्थित नाथ मंदिरों में शिवभक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा। शनिवार देर रात से ही शिवालय ‘हर-हर महादेव’ और ‘बम-बम भोले’ के जयघोष से गूंज उठे। आधी रात के बाद से जलाभिषेक का सिलसिला शुरू हुआ, जो लगातार जारी रहा।
सबसे पहले किला क्षेत्र स्थित अलखनाथ मंदिर में बाबा के जलाभिषेक की शुरुआत हुई। रात 12 बजे से ही श्रद्धालु गंगाधर को गंगाजल अर्पित करने के लिए कतारों में खड़े नजर आए। रविवार तड़के करीब चार बजे बाबा अलखनाथ की भव्य आरती उतारी गई, जिसके बाद मंदिर परिसर में आस्था का वातावरण और अधिक गहरा गया।
इसी के साथ पशुपतिनाथ मंदिर में भी श्रद्धालुओं की लंबी कतारें देखने को मिलीं। शहर के अन्य नाथ मंदिरों में भी तड़के से जलाभिषेक का क्रम शुरू हो गया। जैसे-जैसे सुबह हुई, भक्तों की भीड़ बढ़ती चली गई और शिवालयों में दर्शन के लिए प्रतीक्षा का समय भी लंबा होता गया।
सुरक्षा व्यवस्था रही चाक-चौबंद
महाशिवरात्रि के मद्देनज़र शहर के प्रमुख मंदिरों में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए। पीएसी के जवानों के साथ स्थानीय पुलिस बल और महिला कर्मियों की तैनाती की गई।
एसपी सिटी मानुष पारीक और एडीएम सिटी सौरभ दुबे ने पर्व से पूर्व शहर के प्रमुख मंदिरों का भ्रमण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान मंदिर परिसरों और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा, यातायात प्रबंधन, साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुविधा संबंधी व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई।
पुलिस अधिकारियों ने संबंधित थाना प्रभारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। प्रशासन की ओर से एक कंपनी प्लाटून पीएसी के साथ थानों की पुलिस और लगभग 50 अतिरिक्त पुलिसकर्मियों को शहर में तैनात किया गया है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
महाशिवरात्रि के अवसर पर बरेली के शिवालयों में उमड़ी यह आस्था न केवल धार्मिक उत्साह का प्रतीक बनी, बल्कि प्रशासनिक सतर्कता का भी उदाहरण पेश करती दिखाई दी |




