उत्तर प्रदेश के बरेली में नैनीताल रोड पर गरजा नगर निगम का बुलडोजर, कई दुकानों-भवनों के पक्के निर्माण ध्वस्त।

नैनीताल रोड पर गरजा नगर निगम का बुलडोजर, कई दुकानों-भवनों के पक्के निर्माण ध्वस्त
सीएम ग्रिड फेज-2 के तहत सड़क चौड़ीकरण में बाधा बने अतिक्रमण पर कार्रवाई, कोहाड़ापीर से जीआरएम स्कूल तक तीन बुलडोजर लेकर पहुंची टीम; व्यापारियों ने जताया विरोध
बरेली। सीएम ग्रिड योजना के तहत नैनीताल रोड के चौड़ीकरण की राह में आ रहे अतिक्रमणों पर नगर निगम ने बड़ी कार्रवाई की। शुक्रवार को नगर निगम की टीम तीन बुलडोजर, प्रवर्तन दल और पुलिस बल के साथ कोहाड़ापीर से कुदेशिया रोड की ओर पहुंची। पहले से चिह्नित दुकानों, शोरूम, होटल और अन्य भवनों के सड़क की सीमा में आ रहे पक्के हिस्सों को ध्वस्त किया गया। कार्रवाई से व्यापारियों और भवन स्वामियों में अफरा-तफरी मच गई।
7 से 17 फीट तक चिह्नित हिस्सों पर कार्रवाई
नगर निगम ने पूर्व में पैमाइश कर सड़क किनारे अतिक्रमण वाले हिस्सों पर लाल निशान लगाए थे और संबंधित लोगों को नोटिस भी जारी किए थे। शुक्रवार को इन्हीं निशानों के आधार पर ध्वस्तीकरण शुरू हुआ। जीआरएम स्कूल के सामने स्थित मार्केट में मोटरसाइकिल शोरूम समेत कई व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के शटर, लिंटर और अन्य पक्के निर्माण तोड़े गए। कई भवन स्वामियों ने नुकसान कम करने के लिए अपने स्तर से ही चिह्नित हिस्सों को तोड़ना शुरू कर दिया।
18-19 अतिक्रमण हटाए, विरोध के बाद रुकी कार्रवाई
नगर निगम की टीम ने कोहाड़ापीर से जीआरएम स्कूल के सामने तक करीब 18 से 19 पक्के अतिक्रमण हटाए। इस दौरान कुछ व्यापारियों और स्थानीय लोगों ने कार्रवाई का विरोध किया और अतिक्रमण हटाने के लिए अतिरिक्त समय मांगा। विरोध बढ़ने की आशंका को देखते हुए बाद में टीम ने आगे की कार्रवाई रोक दी।
दशकों पुरानी दुकानों पर भी चला बुलडोजर
कार्रवाई की जद में कई पुरानी दुकानें भी आईं। व्यापारियों का कहना है कि इनमें कुछ प्रतिष्ठान 1985-87 के आसपास से संचालित हो रहे थे। दुकानदारों ने कार्रवाई से रोजगार प्रभावित होने की बात कही। वहीं कुछ स्थानीय लोगों ने पैमाइश में एक समान मानक नहीं अपनाए जाने का आरोप लगाते हुए सर्वे और पैमाइश का विवरण सार्वजनिक करने की मांग की।
सीएम ग्रिड के तहत होना है सड़क का चौड़ीकरण
सीएम ग्रिड परियोजना के तहत कोहाड़ापीर से कुदेशिया की ओर सड़क को चौड़ा और विकसित किया जाना है। इस मार्ग पर अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया कई महीने से चल रही है। अप्रैल में भी बड़ी संख्या में भवनों को चिह्नित कर नोटिस दिए गए थे।
नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य के मुताबिक विकास कार्यों में बाधा बन रहे अतिक्रमण को पैमाइश के बाद चिह्नित कर हटाया जा रहा है। नगर निगम की कार्रवाई का उद्देश्य सड़क चौड़ीकरण का रास्ता साफ करना है।
रिपोर्ट : देवेंद्र पटेल | LIVE BHARAT TV | बरेली, उत्तर प्रदेश livebharattv.com






