बरेली में कोटेदार के बेटे का वीडियो वायरल: राशन से इनकार, प्रधानमंत्री पर कथित अभद्र टिप्पणी और मारपीट के आरोप; प्रशासन ने की बड़ी कार्रवाई
भुता थाना क्षेत्र के केसरपुर गांव का मामला, आरोपी हिरासत में; कोटेदार की दुकान सील, राशन जब्त, कार्डधारकों के बयान दर्ज शुरू

बरेली।
जनपद बरेली के थाना भूता क्षेत्र के गांव केसरपुर में सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान से जुड़ा एक मामला सामने आने के बाद पूरे जिले में चर्चा का विषय बन गया है। सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में कोटेदार के बेटे पर राशन वितरण को लेकर कथित विवाद, प्रधानमंत्री के खिलाफ अभद्र टिप्पणी और हिंदू समाज को लेकर आपत्तिजनक बातें कहने के आरोप लगाए जा रहे हैं। वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस और पूर्ति विभाग ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में ले लिया, जबकि कोटेदार की दुकान को सील कर सरकारी खाद्यान्न जब्त कर लिया गया।
राशन वितरण के दौरान हुआ विवाद
जानकारी के अनुसार, गांव निवासी एक कार्डधारक राशन लेने सरकारी दुकान पर पहुंचा था। आरोप है कि इसी दौरान राशन वितरण को लेकर विवाद हो गया। शिकायतकर्ता का कहना है कि उसे राशन देने से मना कर दिया गया और विरोध करने पर उसके साथ अभद्र व्यवहार किया गया। इसी दौरान कथित तौर पर प्रधानमंत्री के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी और हिंदू समाज के संबंध में भी विवादित बातें कही गईं।
वीडियो वायरल होते ही हरकत में आया प्रशासन
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने के बाद जिला प्रशासन ने मामले का संज्ञान लिया। पुलिस ने आरोपी युवक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया। वहीं जिला पूर्ति विभाग की टीम गांव पहुंची और सरकारी राशन की दुकान का निरीक्षण किया। प्रारंभिक जांच के बाद दुकान को सील कर उपलब्ध खाद्यान्न जब्त कर लिया गया।
कार्डधारकों के बयान दर्ज, रिकॉर्ड की जांच
पूर्ति विभाग की टीम अब गांव के राशन कार्डधारकों के बयान दर्ज कर रही है। साथ ही वितरण रजिस्टर, स्टॉक रजिस्टर और ई-पॉस मशीन के रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि यदि जांच में अनियमितता या पात्र लाभार्थियों को राशन न देने की पुष्टि होती है तो कोटेदार के विरुद्ध आवश्यक कानूनी एवं विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने शुरू की विस्तृत जांच
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वायरल वीडियो की तकनीकी जांच भी कराई जा रही है। वीडियो में सुनाई दे रही कथित टिप्पणियों और पूरे घटनाक्रम की पुष्टि के लिए सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित धाराओं में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
ग्रामीणों में आक्रोश, निष्पक्ष कार्रवाई की मांग
घटना के बाद गांव और आसपास के क्षेत्रों में लोगों में नाराजगी देखी जा रही है। स्थानीय लोगों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। वहीं प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें और जांच पूरी होने तक शांति बनाए रखें।






