No Slide Found In Slider.
बरेली

नवाबगंज में BJP टिकट पर संग्राम: किसका चलेगा जादू, कौन रह जाएगा पीछे?

No Slide Found In Slider.

रिपोर्ट: देवेंद्र पटेल

बरेली: 2027 के विधानसभा चुनावों को लेकर नवाबगंज सीट पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) के भीतर टिकट को लेकर सियासी सरगर्मी तेज हो गई है। दावेदारों की बढ़ती संख्या ने इस सीट को बेहद दिलचस्प बना दिया है, जहां हर नेता अपनी राजनीतिक पकड़, जनाधार और संगठनात्मक मजबूती के दम पर पार्टी नेतृत्व का विश्वास हासिल करने की कोशिश कर रहा है।

मौजूदा विधायक एम.पी. आर्य एक बार फिर टिकट के प्रबल दावेदार के रूप में सामने हैं। अपने कार्यकाल के दौरान किए गए विकास कार्यों, संगठन में पकड़ और चुनावी अनुभव को वे अपनी सबसे बड़ी ताकत के रूप में पेश कर रहे हैं। उनके समर्थकों का मानना है कि पार्टी नेतृत्व उन्हें दोबारा मौका दे सकता है। हालांकि, क्षेत्र में कुछ मुद्दों को लेकर असंतोष और कुछ वर्गों में दूरी की चर्चाएं भी सामने आ रही हैं, जिससे उनकी राह इस बार चुनौतीपूर्ण मानी जा रही है।

वहीं, भाजपा नेता भुजेंद्र गंगवार इस बार एक मजबूत दावेदार के रूप में तेजी से उभरे हैं। हाल के महीनों में उनके लगातार जनसंपर्क अभियानों ने उन्हें जमीनी स्तर पर मजबूत किया है। गांव-गांव जाकर संवाद स्थापित करना, स्थानीय समस्याओं को उठाना और संगठनात्मक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी ने उन्हें कार्यकर्ताओं और आम जनता के बीच लोकप्रिय बनाया है। पार्टी संगठन के साथ बेहतर तालमेल और नेतृत्व से नजदीकी भी उनके पक्ष में मानी जा रही है। साथ ही, वरिष्ठ नेता संतोष गंगवार के करीबी होने का लाभ भी उनकी दावेदारी को मजबूती देता है।

इसके अलावा डॉ. आशुतोष गंगवार भी टिकट की दौड़ में शामिल हो गए हैं। ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि के रूप में उनकी सक्रियता और स्थानीय स्तर पर पकड़ को देखते हुए उन्हें भी एक संभावित दावेदार माना जा रहा है। उनके मैदान में आने से मुकाबला और अधिक रोचक हो गया है।

राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, नवाबगंज सीट पर इस बार जातीय समीकरण, संगठन की रिपोर्ट और जमीनी फीडबैक टिकट वितरण में निर्णायक भूमिका निभाएंगे। पार्टी नेतृत्व जीत के समीकरण को ध्यान में रखते हुए ही अंतिम फैसला लेगा।

फिलहाल नवाबगंज में BJP टिकट को लेकर सस्पेंस बरकरार है। आने वाले

No Slide Found In Slider.

Live bharat TV

Related Articles

Back to top button