बरेली में 102 ग्राम स्मैक के साथ चार तस्कर गिरफ्तार, ₹82,500 नकद समेत कार-बुलेट जब्त।

शाही पुलिस की कार्रवाई; तीन मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक कांटा भी बरामद, स्मैक सप्लाई नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
बरेली। मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत शाही थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपियों के कब्जे से 102 ग्राम स्मैक, ₹82,500 नकद, तीन मोबाइल फोन और एक इलेक्ट्रॉनिक कांटा बरामद किया गया है। इसके अलावा तस्करी में इस्तेमाल किए जाने के संदेह में एक लाल रंग की कार और बुलेट मोटरसाइकिल भी पुलिस ने जब्त की है।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने की घेराबंदी
रविवार को चौकी इंचार्ज दुनका मुनेन्द्र पाल सिंह और उपनिरीक्षक रविदत्त शर्मा पुलिस टीम के साथ क्षेत्र में गश्त कर रहे थे। इसी दौरान मिर्जापुर चौराहे पर मुखबिर से सूचना मिली कि गनेशपुर-रास मार्ग पर बसई जाने वाले खड़ंजे के तिराहे के पास चार लोग कार और बुलेट मोटरसाइकिल के साथ संदिग्ध अवस्था में मौजूद हैं।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और चारों तरफ से घेराबंदी कर दी। पुलिस को देखकर आरोपियों ने भागने का प्रयास किया, लेकिन टीम ने उन्हें पकड़ लिया।
चार आरोपियों की हुई पहचान
पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों की पहचान किशन शर्मा (33), फारून (22), तेजपाल (35) निवासी जौनेर थाना मीरगंज और छविराम (40) निवासी मंढी जगदीशपुर थाना शीशगढ़ के रूप में हुई है।
पुलिस ने आरोपियों की तलाशी ली तो उनके कब्जे से कुल 102 ग्राम स्मैक, ₹82,500 नकद, तीन मोबाइल फोन तथा इलेक्ट्रॉनिक कांटा बरामद हुआ। मौके पर मौजूद कार और बुलेट मोटरसाइकिल को भी कब्जे में ले लिया गया।
सीओ मीरगंज भी पहुंचे मौके पर
कार्रवाई की सूचना मिलने पर सीओ मीरगंज अजय कुमार भी मौके पर पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी ली। पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहां से जेल भेज दिया गया।
स्मैक सप्लाई नेटवर्क की जांच तेज
सीओ अजय कुमार के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड की जांच कराई जा रही है। इसके साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि स्मैक की खेप कहां से लाई गई थी और इसकी सप्लाई किन लोगों को की जानी थी।
पुलिस इस पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश कर रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।





