बरेली में Census 2027 की तैयारी तेज, प्रगणकों का प्रशिक्षण शुरू
बरेली में जनगणना 2027 के पहले चरण के तहत प्रगणकों और सुपरवाइज़रों का प्रशिक्षण शुरू। 6 मई तक चलेगा कार्यक्रम, सख्त निर्देश जारी।

बरेली में प्रस्तावित Census 2027 की तैयारियां अब जमीनी स्तर पर तेज हो गई हैं। पहले चरण के तहत जिले में मकान सूचीकरण (House Listing) और मकान गणना (Housing Census) के लिए नियुक्त प्रगणकों और सुपरवाइज़रों का प्रशिक्षण सोमवार, 20 अप्रैल 2026 से औपचारिक रूप से शुरू कर दिया गया है।
यह प्रशिक्षण कार्यक्रम जनपद की सभी छह तहसीलों के मुख्यालयों के साथ-साथ नगर निगम स्तर पर एक साथ आयोजित किया जा रहा है, जिससे अधिक से अधिक कर्मियों को एक समान दिशा-निर्देश और तकनीकी जानकारी दी जा सके।
प्रशिक्षण सत्र में प्रशासनिक स्तर पर भी व्यापक भागीदारी देखने को मिल रही है। इसमें अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व), अपर नगर आयुक्त प्रथम, सभी उपजिलाधिकारी, तहसीलदार और संबंधित चार्ज अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने प्रगणकों और सुपरवाइज़रों को संबोधित करते हुए स्पष्ट किया कि यह कार्य अत्यंत जिम्मेदारीपूर्ण है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
अधिकारियों ने प्रशिक्षण के दौरान विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि डेटा संकलन पूरी तरह सटीक, पारदर्शी और तय समय सीमा के भीतर किया जाए। उन्होंने कहा कि जनगणना के आंकड़े भविष्य की नीतियों और योजनाओं की आधारशिला होते हैं, इसलिए प्रत्येक जानकारी का सही और प्रमाणिक होना बेहद जरूरी है।
प्रशिक्षण में फील्ड ट्रेनर्स के अलावा जनगणना निदेशालय से आए नोडल अधिकारी भी शामिल हो रहे हैं। ये अधिकारी प्रतिभागियों को जनगणना की प्रक्रिया, डिजिटल डेटा कलेक्शन, फील्ड वेरिफिकेशन और अन्य तकनीकी पहलुओं की विस्तृत जानकारी दे रहे हैं, ताकि जमीनी स्तर पर किसी प्रकार की त्रुटि न हो।
जिला प्रशासन ने प्रशिक्षण को लेकर सख्त रुख अपनाते हुए स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं कि बिना पूर्व अनुमति के अनुपस्थित रहने वाले प्रगणकों और सुपरवाइज़रों के खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। इससे यह संकेत मिलता है कि प्रशासन इस प्रक्रिया को लेकर पूरी तरह गंभीर है और किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
यह प्रशिक्षण कार्यक्रम 6 मई 2026 तक संचालित किया जाएगा। इसके बाद जनगणना-2027 के पहले चरण का फील्ड वर्क शुरू होगा, जिसमें घर-घर जाकर मकानों और परिवारों से संबंधित आवश्यक आंकड़े जुटाए जाएंगे।
गौरतलब है कि Census 2027 का यह प्रारंभिक चरण देश की जनसंख्या, आवासीय संरचना और बुनियादी सुविधाओं की सटीक तस्वीर प्रस्तुत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इससे सरकार को भविष्य की योजनाओं—जैसे शहरी विकास, ग्रामीण आवास, स्वास्थ्य, शिक्षा और बुनियादी ढांचे—की बेहतर रूपरेखा तैयार करने में मदद मिलेगी।







