बरेली में टंकी हादसे पर गिरी गाज: 2 इंजीनियर बर्खास्त, जेई सस्पेंड, निर्माण कंपनी पर FIR के आदेश

बरेली में टंकी हादसे पर गिरी गाज: 2 इंजीनियर बर्खास्त, जेई सस्पेंड, निर्माण कंपनी पर FIR के आदेश
🔻 सबहेडलाइन
डेढ़ साल पहले बनी 60 फीट ऊंची टंकी भरभराकर गिरी, पांच लोग घायल; घटिया निर्माण और भ्रष्टाचार की आशंका
📍 बरेली | रिपोर्ट : देवेंद्र पटेल
बरेली के आलमपुर जाफराबाद ब्लॉक की ग्राम पंचायत सरदारनगर में जल जीवन मिशन के तहत बनी ओवरहेड पानी की टंकी गिरने के मामले में योगी सरकार ने सख्त कार्रवाई की है। सरकार ने लापरवाही बरतने के आरोप में दो इंजीनियरों को बर्खास्त कर दिया है, जबकि एक जूनियर इंजीनियर (JE) को निलंबित कर दिया गया है। इसके साथ ही निर्माणदायी संस्था एनसीसी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने और ब्लैकलिस्ट करने के आदेश भी दिए गए हैं।
सोमवार शाम करीब पांच बजे 3.62 करोड़ रुपये की लागत से बनी 60 फीट ऊंची टंकी अचानक भरभराकर गिर गई। यह टंकी करीब डेढ़ साल पहले ही तैयार की गई थी। हादसे के समय पास में ताश खेल रहे पांच ग्रामीण मलबे में दब गए। घायलों में डोरीलाल (32), अर्जुन (30), वीरपाल (48), रविंद्र (50) और नन्कू उर्फ वेदपाल (45) शामिल हैं। सभी को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया।
हादसे के बाद निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो गए हैं। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि टंकी के निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया गया था, जिसके चलते यह हादसा हुआ। मामले की गंभीरता को देखते हुए शासन स्तर पर जांच कराई गई, जिसमें प्रथम दृष्टया लापरवाही सामने आने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई।
⚠️ हाइलाइट्स (Highlights)
💥 डेढ़ साल पहले बनी टंकी अचानक गिरी
💰 3.62 करोड़ की लागत से हुआ था निर्माण
🚑 5 लोग मलबे में दबकर घायल
⚖️ 2 इंजीनियर बर्खास्त, 1 JE सस्पेंड
🚫 कंपनी NCC पर FIR और ब्लैकलिस्टिंग के आदेश
🗣️ जांच में खुली लापरवाही की परतें
प्रारंभिक जांच में निर्माण कार्य में गंभीर अनियमितताओं की आशंका जताई गई है। अधिकारियों का कहना है कि गुणवत्ता मानकों की अनदेखी और निगरानी में लापरवाही के कारण यह हादसा हुआ। शासन ने स्पष्ट किया है कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।
📢 सरकार का संदेश: लापरवाही पर जीरो






