बरेली पुलिस का बड़ा खुलासा: दो महीने में 14 करोड़ का ट्रांजेक्शन, फर्जी फर्म बनाकर चला रहे थे धोखाधड़ी का नेटवर्क
तीन आरोपी गिरफ्तार, कई अन्य रडार पर; ट्रेडिंग के नाम पर 50 लाख की ठगी का भी खुलासा

बरेली। उत्तर प्रदेश के बरेली में साइबर और वित्तीय धोखाधड़ी के एक बड़े नेटवर्क का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो फर्जी फर्मों और शेल कंपनियों के जरिए करोड़ों रुपये के अवैध लेनदेन को अंजाम दे रहे थे। जांच में सामने आया है कि मात्र दो महीनों के भीतर करीब 14 करोड़ रुपये का ट्रांजेक्शन किया गया।
एसपी साउथ अंशिका वर्मा ने शनिवार को मामले का खुलासा करते हुए बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आसिफ, जीतेंद्र और हिमांशु पटेल के रूप में हुई है। यह गिरोह टेलीग्राम चैनलों के माध्यम से लोगों की व्यक्तिगत जानकारी जुटाकर उन्हें बैंक खाते खुलवाने के लिए प्रेरित करता था। बाद में इन्हीं खातों का इस्तेमाल साइबर ठगी और वित्तीय अपराधों से प्राप्त धनराशि को ट्रांसफर करने के लिए किया जाता था।
फर्जी फर्मों के नाम पर चल रहा था खेल
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी क्रेडिट सॉल्यूशन और कुमार एनर्जी नाम की दो फर्में संचालित कर रहे थे, जो वास्तव में शेल कंपनियों की तरह काम कर रही थीं। आरोपियों के कब्जे से कुमार एनर्जी के नाम की फर्जी मुहर भी बरामद हुई है। पुलिस को आशंका है कि इस नेटवर्क से कई अन्य लोग भी जुड़े हुए हैं, जिनकी तलाश की जा रही है।
दो महीने में 14 करोड़ का संदिग्ध लेनदेन
जांच के दौरान बैंक खातों और वित्तीय दस्तावेजों की पड़ताल में सामने आया कि आरोपियों ने मात्र दो महीनों में करीब 14 करोड़ रुपये के संदिग्ध लेनदेन किए हैं। पुलिस अब धन के स्रोत और लाभार्थियों की जानकारी जुटाने में लगी है।
ट्रेडिंग के नाम पर 50 लाख की ठगी
इसी दौरान बरेली निवासी आलोक दुबे के साथ शेयर मार्केट ट्रेडिंग के नाम पर करीब 49.44 लाख रुपये की ठगी का मामला भी सामने आया है। पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की थी।
कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मुख्य आरोपी सचिन कुमार को देहरादून से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के बैंक खाते को सीज कराते हुए लगभग 33 लाख रुपये होल्ड करा दिए हैं।
जल्द होंगी और गिरफ्तारियां
एसपी साउथ अंशिका वर्मा ने बताया कि इस गिरोह से जुड़े अन्य संदिग्धों की पहचान कर ली गई है। पुलिस की टीमें उनकी तलाश में जुटी हैं और जल्द ही कई अन्य गिरफ्तारियां होने की संभावना है।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि ट्रेडिंग, निवेश या ऑनलाइन कमाई के नाम पर आने वाले किसी भी प्रस्ताव की सत्यता जांचे बिना धनराशि निवेश न करें तथा संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 या नजदीकी पुलिस थाने को दें।






