बरेली: सीएम योगी ने 51 सीएनजी कूड़ा वाहनों, 6 रोबोटिक मशीनों और 5 जेसीबी को दिखाई हरी झंडी, शहर की सफाई व्यवस्था होगी हाईटेक

रिपोर्ट: देवेंद्र पटेल | बरेली
बरेली शहर को स्वच्छ, आधुनिक और प्रदूषण मुक्त बनाने की दिशा में मंगलवार को एक बड़ा कदम उठाया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सर्किट हाउस परिसर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान नगर निगम को 51 नए सीएनजी आधारित कूड़ा कलेक्शन वाहनों, नालों की सफाई के लिए छह अत्याधुनिक रोबोटिक मशीनों तथा पांच जेसीबी मशीनों की सौगात दी। मुख्यमंत्री ने सभी वाहनों और मशीनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने शहर की सफाई व्यवस्था और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन (सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट) की विस्तृत समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि कूड़ा निस्तारण व्यवस्था को पूरी तरह वैज्ञानिक और समयबद्ध बनाया जाए। उन्होंने सथरापुर स्थित सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट को शीघ्र चालू कराने के निर्देश भी दिए, ताकि शहर के कूड़े का वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण सुनिश्चित किया जा सके।
नगर निगम के अनुसार, 51 नए सीएनजी कूड़ा वाहनों के संचालन से शहर के सभी 80 वार्डों में डोर-टू-डोर कूड़ा संग्रहण व्यवस्था को नई गति मिलेगी। घरों से एकत्रित कचरे को डलावघर और वहां से प्रोसेसिंग प्लांट तक पर्यावरण के अनुकूल तरीके से पहुंचाया जाएगा। इससे सफाई व्यवस्था पहले से अधिक प्रभावी और व्यवस्थित होगी।
नालों की सफाई के लिए मिली छह रोबोटिक मशीनें आधुनिक तकनीक से लैस हैं, जो बिना कर्मचारियों को नालों में उतारे सफाई कार्य कर सकेंगी। इससे सफाई कर्मचारियों की सुरक्षा बढ़ेगी और नालों की सफाई अधिक तेज और प्रभावी ढंग से होगी। वहीं पांच नई जेसीबी मशीनें बड़े स्तर पर सफाई, मलबा हटाने और आपातकालीन कार्यों में नगर निगम की क्षमता को मजबूत करेंगी।
सीएनजी आधारित वाहनों के इस्तेमाल से डीजल वाहनों पर निर्भरता कम होगी, जिससे ईंधन की बचत के साथ-साथ वायु प्रदूषण में भी कमी आएगी। नगर निगम का मानना है कि नई मशीनरी और वाहनों के जुड़ने से शहर की स्वच्छता व्यवस्था और अधिक हाईटेक, पारदर्शी एवं पर्यावरण अनुकूल बनेगी।
सथरापुर गांव में निर्माणाधीन सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट पर भी मशीनें स्थापित की जा रही हैं। प्लांट के शुरू होने के बाद शहर के ठोस कचरे का वैज्ञानिक प्रसंस्करण होगा, जिससे खुले में कूड़ा डंप करने की समस्या समाप्त होने के साथ स्वच्छ और स्वस्थ बरेली के लक्ष्य को नई गति मिलेगी।






