बरेली में 165 साल पुरानी राम बरात आज, होली संग उत्सव, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

विश्व धरोहर परंपराओं में गिनी जाने वाली बरेली की ऐतिहासिक राम बरात इस बार होली के साथ विशेष रूप से मनाई जाएगी। ब्रह्मपुरी क्षेत्र से निकलने वाली यह भव्य शोभायात्रा सोमवार को पूरे उत्साह और पारंपरिक विधि-विधान के साथ आयोजित होगी।
सुबह करीब 10 बजे ब्रह्मपुरी स्थित नृसिंह मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद राम बरात का शुभारंभ किया जाएगा। इसके बाद शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए यह शोभायात्रा पुनः मंदिर परिसर में पहुंचकर संपन्न होगी।
165 साल पुराने रथ पर विराजेंगे भगवान के स्वरूप
रामलीला सभा कमेटी के प्रवक्ता विशाल मेहरोत्रा के अनुसार, इस आयोजन की सबसे खास पहचान 165 वर्ष पुराना लकड़ी का रथ है, जिसे विशेष रूप से सजाया गया है। यह रथ केवल राम बरात के अवसर पर ही निकाला जाता है।
इस रथ पर भगवान श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण और हनुमान के स्वरूप सवार होकर शहर भ्रमण करेंगे। यह परंपरा वर्षों से चली आ रही है और हर साल हजारों श्रद्धालु इसे देखने के लिए जुटते हैं।
प्रमुख मार्गों से गुजरेगी शोभायात्रा
राम बरात की यात्रा नृसिंह मंदिर से शुरू होकर मलूकपुर चौराहा, बिहारीपुर ढाल, कुतुबखाना घंटाघर, नावल्टी चौराहा, बरेली कॉलेज गेट, कालीबाड़ी, श्यामगंज, साहू गोपीनाथ, मठ की चौकी, शिवाजी मार्ग, बड़ा बाजार, किला चौराहा और सिटी सब्जी मंडी सहित कई प्रमुख इलाकों से होकर गुजरेगी।
पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ने की संभावना है, जिसे देखते हुए प्रशासन ने व्यापक इंतजाम किए हैं।
झांकियों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से बढ़ेगी भव्यता
शोभायात्रा में पारंपरिक रथ के साथ आकर्षक झांकियां भी शामिल रहेंगी, जो धार्मिक और सांस्कृतिक झलक पेश करेंगी। इस बार चंद्र ग्रहण के कारण राम बरात को होली से एक दिन पहले आयोजित किया जा रहा है।
यह आयोजन न केवल बरेली बल्कि आसपास के जिलों में भी खासा प्रसिद्ध है, जिसके चलते दूर-दराज से भी लोग इसे देखने आते हैं।
पानी और सुविधाओं का विशेष प्रबंध
भीड़ को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था की है। यात्रा मार्ग पर 15 स्थानों पर कुल 17 पानी के टैंकर लगाए गए हैं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
सुरक्षा के लिए तगड़ा पुलिस बंदोबस्त
राम बरात के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। वरिष्ठ अधिकारियों ने पहले ही रूट का निरीक्षण कर तैयारियों का जायजा लिया।
एडीजी रमित शर्मा, डीआईजी अजय साहनी और एसएसपी अनुराग आर्य ने संवेदनशील क्षेत्रों में पैदल गश्त की और स्थानीय लोगों से संवाद किया। ड्रोन के जरिए भी निगरानी की गई, ताकि किसी भी स्थिति पर तुरंत नियंत्रण पाया जा सके।
शोभायात्रा की सुरक्षा में पांच सीओ, पांच थाना प्रभारी, सात इंस्पेक्टर, 108 हेड कांस्टेबल और कांस्टेबल के साथ 16 महिला पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। इसके अलावा पीएसी की एक कंपनी भी सुरक्षा व्यवस्था में शामिल रहेगी।






